सिंगरौली नगर निगम की 92 लाख रुपये की स्ट्रीट लाइट परियोजना में अनियमितता और ठेकेदार को लाभ पहुंचाने के आरोप लगे हैं। भाजपा-कांग्रेस पार्षदों ने संयुक्त जांच, भुगतान रोकने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
सिंगरौली में 8.30 करोड़ से बनी 87 दुकानें वर्षों से बंद पड़ी हैं। नीलामी न होने से नगर निगम को राजस्व नुकसान हो रहा है और परियोजना खंडहर बनने की कगार पर पहुंच गई है।














